Gurudev Observatory

Celestial events and important dates for the Month of Aug to Oct -2015

कृपया ध्यान में ले :

आपको अपना वोट लिंक पर जाकर जिस बॉक्स में " श्री राम मत्त " और "भगवतीदेवी " लिखा है उसके सामने देना है। पर जैसे आप वोट बटन दबाएंगे आपके सामने एक बॉक्स आएगा की में मशीन नहीं हु। आपको उस पर टिक करना है ,टिक करते ही आपके सामने सबमिट का बटन आएगा ,आप उसे दबाये। उसे प्रेस करते ही आपके सामने तीन बार " थैंक यू " लिखा हुआ आएगा। ध्यान रहे इस प्रोसीजर को पूरा ना करने पर आपका वोट गिना नहीं जाएगा। तो ध्यान रखकर वोट करे और कराये। लिंक यह है। ....http://nameexoworlds.iau.org/systems/107
Kindly note that you have to cast your vote against the box where Indian names are written as " Shri Ram Matt " & " Bhagavatidevi" .

After pressing vote button you will prompt to check the box I am not robot.When you will check the box then a " Submit " Button will be shown.You have to press this submit button.Then within seconds you will see three time " thank you ,thankyou, thankyou " with message " you have submit your vote successfully "
Kindly don't ignore this process otherwise your vote will not be count.
 
Go to this link to cast your vote .
Then press the button of vote against the box where name is given as : Shri Ram Matt  for tau Bootis & Bhagavatidevi  fir tau Bootis b .
Spread this message via Whatsapp,Facebook,Twitter,Google+,Tumblr,SMS,email etc. 
 

Dear Friends,

I have send  two name  to International Astronomical Union for naming ExoWorlds  tau Bootis & tau Bootis b .Public Voting has been started for the naming.
I will be very much obliged if you could cast your priceless vote for my proposal.For this go to following link & cast you vote after verification. 
The closing date for entries is 23:59 UTC on 31 October 2015.
You have to press the button of vote against the box where name is given as : Shri Ram Matt  for tau Bootis & Bhagavatidevi  for tau Bootis b .
Take this movement globally via social media & obliged me..
 
Go to this link to cast your vote .
 
 
An appeal  from Dr.Pranav Pandya,Head of All world Gayari Pariwar, Chancellor of DSVV University,Renowned Scientist to cast the vote for Indian names.
Dear All, 
 

In this digital age we have an opportunity to make people aware about the greatness of our Gurusatta and their mission, by participating in the campaign of International Astronomical Union for naming ExoWorlds tau Bootis (Sun like Star) & tau Bootis b (Planet). 

 

In order to name them Shriram Matt and Bhagwatidevi respectively, do cast your vote. This is the only Indian entry of the campaign and has been made possible by determined efforts of our parijan Divyadarshan Purohit. 

 
Dr. Pranav Pandya 
 
 
 

आत्मीय मित्रो ,

यु तो तारो के नाम हजारो सालो से लोग रखते आये है मगर ऑफिशल नाम केवल इंटरनेसनल एस्ट्रोनॉमिकल यूनियन ही रख सकता है। पूरे विश्व से 10000 खगोलविद वैज्ञानिको से बनी इस संस्था द्वारा तारो के नाम रखे जाते है। 
भारत से पहली बार नाम :
इस संस्था के निमंत्रण पर गुरुदेव वेधशाला,वड़ोदरा  ने स्वाति नक्षत्र के तारे और उसके ग्रह के लिए भारत से पहली बार  दो नाम भेजे है। tau Bootis तारे को विख्यात गायत्री सिद्ध ,3200 पुस्तको के विश्वविख्यात लेखक ,वेदो के भाष्यकार ,संगठनकर्ता ,स्वातंत्रय सेनानी आचार्य श्री राम शर्माजी के स्वातंत्र्य संग्राम के  समय के उपनाम :" श्री राम मत्त  " का नाम देने का प्रस्ताव भेजा है। तो इस तारे के एक मात्र ग्रह tau Bootis b को श्री राम शर्मा आचार्यजी की धर्मपत्नी जिसने आचार्यजी का साथ एक तारे के आसपास घूमने वाला ग्रह देता है ऐसे दिया और जिन्होंने 150 से ज्यादा किताबे लिखे ,50,00,0000 से ज्यादा महिलाओ को महिला उत्कर्ष के साथ जोड़ा,लाखो लोगो को जीवन सही तरीके से जीना सिखाया उन माताजी भगवती देवी के नाम से " भगवतीदेवी " का नाम देने का प्रस्ताव भेजा है।
हर भारतीय के लिए गौरव :
 यह भारत से पहली बार हुआ है की तारे और उसके ग्रह का नाम भारतीय होने के लिए प्रस्ताव भेजा गया है। हरेक भारतीय के लिए यह गौरव की बात होगी की विशाल ब्रह्माण्ड में तारो का ऑफिशल नाम भारतीय हो और जो सदैव सहस्त्राब्दियों तक अमर रहेगा। 
कुल 245 प्रस्ताव :
ऐसे २० तारो को लिए 45 देशो से 245 प्रस्ताव आये है। और tau Bootis  के लिए ७ प्रस्ताव आये है जिनमेसे एक है भारत का है जो गुरुदेव वेधशाला ने भेजा है और अगर वो पारित हो गया तो इतिहास रचा जायेगा। 
पब्लिक वोटिंग सुरु :
इतिहास में पहली बार इंटरनेसनल एस्ट्रोनॉमिकल यूनियन तारो के नाम पब्लिक वोटिंग से चुनने जा रही है। कल से यह वोटिंग पुरे विश्व के लिए खोल दिया गया है जहा आम जनता अपने फेवरिट नाम के लिए  कॉम्प्यूटर या स्मार्टफोन  के जरिये ओनलाइन  वोट कर सकती है जिसमे केवल ५ मिनिट से ज्यादा नहीं लगेंगे। यह वोटिंग लाइन्स 31 ऑगस्ट  की मध्यरात्रि तक खुली रहेंगी। याद रहे इसमें इक मशीन से केवल एक ही बार वोट डाला जा सकता है। अगर ज्यादा लोग /स्टूडेंट्स हो तो उसमे दिए गए फॉर्म का इस्तेमाल किया जा सकता है। 
अभी या फिर कभी नहीं। 
भारतीय नाम को वोट देकर चयनित करके भारतीय होने का कर्तव्य निभाने की ये अब हमारी  बारी है मेरे मित्र। 
 
ध्यान में रखे 
ध्यान रहे आपको Shri Ram Matt  for tau Bootis & Bhagavatidevi fir tau Bootis b के आगे दिए गए वोट बटन को ही PRESS करके वोट देना है। 
इस मुहीम को आप सोसियल मिडिया से विश्वव्यापी बनादे। 
:लाखो वोट भारतीय नाम को मिले इसके लिए इस मेसेज  को विश्व्यापी बनादे। SMS ,मेल ,पत्र ,फोन ,सोशल मीडिया ,टीवी ,न्यूज़ पेपर्स इत्यादि के जरिए इस मुहीम को फ़ैलाने में मदद करे। 
 
इस लिंक पर जाकर वोट दे :
कृपया इस लिंक पर जाकर   अपना वोट श्री राम मत्त और भगवतीदेवी के नाम के आगे दिए गए बटन को प्रेस करके प्रदान करे। 
 
 
कुछ तारो के बारे में :
tau Bootis ( श्री राम मत्त ) : 
खुल्ली आँखों से दृश्यमान ,4 .5  मैग्नीट्यूड वाला ,सूर्य से 20 % ज्यादा  मासिव ,हमसे 51 प्रकाश वर्ष दूर स्वाति तारे के पास में बूटेस या हलधर नाम से प्रख्यात नक्षत्र में आया है। यह येलो-ब्राउन कलर का बायनरी स्टार सूर्य से 4 गुना बड़ा है और 1 .9 अरब साल पुराना है और उसका आयुष्य 6 अरब साल माना जाता है। उसे एक प्लॅनेट है जो tau Bootis b के नाम से विख्यात है। सूर्य के बाद का यह प्रथम स्टार है की जिसकी मेग्नेटिक पोलारिटी बदलती हुयी देखि गयी है। 
tau Bootis b ( भगवतीदेवी )
tau Bootis का यह एक मात्र ग्रह है जो हमारे गुरु ग्रह से भी 5 . 9 गुना बड़ा और पृथ्वी से 1875.2 गुना  मासिव है और अत्यंत गर्म है ,वहा पानी होने की संभावना भी है। वो उसके पितृ तारे से केवल 6,90,000 किलोमीटर यानि की सूर्य से बुध की दुरी के केवल सातवे भाग जितना  नजदीक है जिसके चलते वो अत्यंत गर्म भी है व केवल 3.31 दिन में ही tau Bootis की प्रदक्षिणा कर लेता है। 1996 में खोजा गया यह ग्रह सबसे पहले खोजे गए एक्सोप्लेनेट्स में से एक है। 
 
तो मित्रो इस अमूल्य तक को जाने ना दे और इसे वोट देकर भारतीयता का निर्वहन करे। 
 
प्रस्तुति:
दिव्यदर्शन डी पुरोहित 
गुरुदेव वेधशाला ,वड़ोदरा